
जसविंदर सिंह संधू
चंडीगढ़, 11 मई। पंजाब विधानसभा में विपक्ष के नेता श्री प्रताप सिंह बाजवा ने आज भारत और पाकिस्तान के बीच संघर्ष विराम का स्वागत करते हुए इसे क्षेत्र में शांति की दिशा में एक सकारात्मक कदम बताया। उन्होंने कहा, ‘मैं भारत और पाकिस्तान के बीच संघर्ष विराम समझौते का स्वागत करता हूं। सीमा पर शांति दोनों देशों के हित में है, खासकर पंजाब के लोगों के लिए, जिसकी पाकिस्तान के साथ 553 किलोमीटर लंबी सीमा है। इन क्षेत्रों में स्थिरता केवल कूटनीति का विषय नहीं है, बल्कि हमारे सीमावर्ती समुदायों की समृद्धि और सुरक्षा के लिए एक आवश्यकता है। इस पहल की सराहना करते हुए बाजवा ने जोर देकर कहा कि राष्ट्रीय सुरक्षा से समझौता नहीं किया जा सकता। उन्होंने कहा, ”भारत हमेशा शांतिपूर्ण बातचीत के पक्ष में रहा है लेकिन आतंकवाद एवं सीमापार घुसपैठ बर्दाश्त नहीं की जा सकती। शांति हमारी राष्ट्रीय सुरक्षा की कीमत पर नहीं आ सकती।उन्होंने जोर देकर कहा कि अगर शांति प्रक्रिया जारी रखनी है तो पाकिस्तान को अपनी धरती से आतंकी ढांचों को खत्म करने के लिए ठोस कदम उठाने होंगे। उन्होंने कहा, ‘मैं शांति की दिशा में सभी प्रयासों का समर्थन करता हूं, लेकिन यह भी उतना ही महत्वपूर्ण है कि पाकिस्तान सुनिश्चित करे कि उसकी धरती से किसी भी आतंकी ढांचे को संचालित नहीं होने दिया जाए। शांतिपूर्ण सीमा के संभावित फायदों को रेखांकित करते हुए बाजवा ने कहा, ”स्थिर सीमा का मतलब हमारे किसानों, व्यापारियों और सीमावर्ती क्षेत्रों में रहने वाले परिवारों के लिए बेहतर जीवन है। बाजवा ने सभी हितधारकों से राष्ट्र और सीमा के पास रहने वाले लोगों के हितों की रक्षा करते हुए शांति, वार्ता और आपसी सम्मान के लिए प्रतिबद्ध रहने का आग्रह किया।



