पंजाब रोडवेज कर्मचारियों ने अपनी जायज मांगों को पूरा करने की मांग को लेकर बसें रोकी, यात्री रहे परेशान

जसविंदर सिंह संधू, बाल किशन
फिरोजपुर, 3 अप्रैल- पंजाब रोडवेज/पनबस/पीआरटीसी कांट्रैक्ट वर्कर्स यूनियन ने राज्य कमेटी के आह्वान पर आज फिरोजपुर में बस रूट जाम कर अपनी जायज मांगों की पूर्ति के लिए मान सरकार के खिलाफ रोष प्रदर्शन किया। इस जाम के दौरान यात्री परेशान रहे, क्योंकि वे सुबह से ही बसों के चलने का इंतजार कर रहे थे। प्रदर्शनकारी रोडवेज कर्मचारी जतिंदर सिंह, मुखपाल सिंह ने कहा कि जब से पंजाब में आम आदमी पार्टी की सरकार बनी है, तब से परिवहन खस्ताहाल है और कर्मचारियों में अपनी मांगों को लेकर आप सरकार के प्रति भारी रोष है। संगठन के नेताओं ने कहा कि वर्तमान सरकार भी अन्य सरकारों की तरह कैजुअल कर्मचारियों को स्थाई करने के लिए बार-बार बैठकों में बुलाई गई मांगों को मान तो लेती है, लेकिन मांगों को लागू नहीं किया जाता, जिसके कारण रोडवेज कर्मचारियों को बार-बार विरोध प्रदर्शन का सहारा लेना पड़ रहा है और यात्री परेशान हो रहे हैं। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री भगवंत मान ने 1 जुलाई को जालंधर में जत्थेबंदी के साथ बैठक की थी, जिसमें पंजाब के मुख्यमंत्री ने सभी मांगों को हल करने का आश्वासन दिया था और कर्मचारियों को नियमित करने, बसें उपलब्ध कराने, ठेकेदारों को बाहर करने और एक अलग परिवहन नीति के तहत सेवा नियम बनाने सहित सभी मांगों को एक महीने के भीतर हल करने के आदेश भी जारी किए थे। वरिष्ठ उपाध्यक्ष गुरप्रीत सिंह, उपाध्यक्ष सौरव मैनी ने धरने को संबोधित करते हुए कहा कि लगभग 8 महीने बीत चुके हैं, लेकिन प्रबंधन ने अभी तक कच्चे कर्मचारियों को नियमित करने की नीति तैयार नहीं की है, केवल मीटिंग में बातों से समय बर्बाद करके मांगों को जानबूझकर नजरअंदाज किया जा रहा है। संगठन के नेताओं ने कहा कि विश्वास हासिल करने के बाद संघर्ष को रोक दिया गया है। अगर परिवहन मंत्री द्वारा दोपहर 12 बजे के बाद बुलाई गई बैठक में मांगों का समाधान नहीं हुआ तो 7-8-9 अप्रैल को पूरे पंजाब में बसों का चक्का जाम किया जाएगा तथा 8 अप्रैल को मोहाली बस स्टैंड पर पंजाब के सभी भाईचारा संगठनों के साथ मिलकर मुख्यमंत्री आवास पर धरना देने का कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। विरोध प्रदर्शन की जिम्मेदारी पंजाब सरकार और परिवहन विभाग की होगी।



